राजनांदगांव। आगामी गणेशोत्सव को पर्यावरण अनुकूल और सुरक्षित बनाने के लिए राजनांदगांव नगर निगम प्रशासन ने मूर्ति निर्माण स्थलों की निगरानी तेज कर दी है। निगम आयुक्त जीआर मरकाम ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों में प्रतिमा निर्माण स्थलों का औचक निरीक्षण कर मूर्तिकारों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि भगवान गणेश की प्रतिमाओं के निर्माण में केवल प्राकृतिक मिट्टी, विशेषकर काली या कछारी मिट्टी का ही उपयोग किया जाए। प्लास्टर ऑफ पेरिस (पीओपी) से प्रतिमा बनाने या बेचने की शिकायत मिलने पर संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और प्रतिमा जब्त की जा सकती है।
निरीक्षण के दौरान निगम अधिकारियों ने मूर्तिकारों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करते हुए पीओपी के इस्तेमाल से होने वाले नुकसान की जानकारी दी। वहीं, मूर्तिकारों ने निगम प्रशासन को आश्वासन दिया कि वे प्रतिमाओं के निर्माण में पर्यावरण अनुकूल मिट्टी का ही उपयोग कर रहे हैं।
नगर निगम प्रशासन ने आगामी गणेशोत्सव के दौरान भी प्रतिमा निर्माण और बिक्री स्थलों पर निगरानी जारी रखने की बात कही है, ताकि धार्मिक उत्सव के साथ पर्यावरण संरक्षण के नियमों का भी पालन सुनिश्चित किया जा सके।
✍️ हमर प्रदेश छत्तीसगढ़ स्टेट हेड रिपोर्टर
किशोर कुमार
Comments (0)
Leave a Comment
No comments yet. Be the first to share your thoughts!